Thursday, July 11, 2013

असाधु/साधू


भगवान् महावीर को 'संगम' देवता ने ६ महीने तक यंत्रणाएं,
ताड़णाएं और मारणान्तिक कष्ट दिए |
महावीर प्रभु मौन-शांत सब सहते गए |
अंत में देवता थक गया |
जब जाने लगा,
तब अपने असद् व्यवहार की क्षमा मांगी |
महावीर प्रभु ने कहा -
" तुमने अपना काम किया और मैंने अपना काम किया |
असाधु असाधु के सिवाय और क्या कर सकता है ? तथा
साधू साधूता के सिवाय और क्या कर सकता है ?
मुझे दुःख है कि मेरा जीवन विश्व-कल्याण के लिए है और
तुम मेरे ही कारण अपना पतन कर रहे हो |"

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