आचार्य श्री महाप्रज्ञ - आहार परिवर्तन -
" मैंने
मैदा,
मावा,
तली हुई वस्तुएँ,
मिठाइयां -
इन सबका वर्जन कर दिया |
लगभग ५० वर्ष हो गए |
पाचन-तंत्र में सुधार हुआ |
मस्तिष्क से काम लेना है तो जीभ और पेट की हर मांग को स्वीकार नहीं करना चाहिए | "
" मैंने
मैदा,
मावा,
तली हुई वस्तुएँ,
मिठाइयां -
इन सबका वर्जन कर दिया |
लगभग ५० वर्ष हो गए |
पाचन-तंत्र में सुधार हुआ |
मस्तिष्क से काम लेना है तो जीभ और पेट की हर मांग को स्वीकार नहीं करना चाहिए | "
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